उत्तराखंड पुरोहित समाज का 13वां स्थापना दिवस देहरादून में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया
देहरादून। उत्तराखंड पुरोहित समाज (पंजी) का 13वां स्थापना दिवस 16 दिसंबर मंगलवार को तुलसी प्रतिष्ठान मंदिर, तिलक रोड, देहरादून में हर्षोल्लास एवं पारंपरिक गरिमा के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में समाज के पदाधिकारी, विद्वानजन एवं श्रद्धालु बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातः 10 बजे गणेश पूजन एवं हवन के साथ किया गया। इस अवसर पर पारंपरिक गढ़भोज का आयोजन भी किया गया, जिसमें भड्ढू की दाल, कोदा, झंगोरा, काफली सहित अन्य स्थानीय व्यंजन परोसे गए।

कार्यक्रम की अध्यक्षता आचार्य हर्षपति घिल्डियाल ने की। उन्होंने स्वर्गीय देवेंद्र दत्त पैन्यूली को स्मरण करते हुए उपस्थित विद्वानों एवं समाजजनों का आभार व्यक्त किया तथा उत्तराखंड पुरोहित समाज की सुदीर्घ यात्रा का संक्षिप्त विवरण प्रस्तुत किया। साथ ही समाज के भावी लक्ष्यों की पूर्ति के लिए सभी के सहयोग की अपेक्षा जताई।
मुख्य अतिथि श्री श्री महंत 108 कृष्णागिरि महाराज ने कहा कि समाज का वास्तविक पुरोधा पुरोहित होता है। उन्होंने कहा कि आचरण, व्यवहार एवं तप से ही धर्म की स्थिति सुदृढ़ होती है तथा सभी मंगल कार्यों का मूल विप्र संतोष में निहित है।
विशिष्ट अतिथि रामलखन गैरोला ने कहा कि ब्राह्मण समाज ने सदैव सामाजिक नेतृत्व किया है। उन्होंने कहा कि श्रेष्ठजनों का आचरण समाज के लिए अनुकरणीय होता है, इसलिए ब्राह्मण समाज को जागरूक होकर एकजुट होने की आवश्यकता है।
मंच पर विद्वत्सभा के अध्यक्ष हर्षपति गोदियाल, शिवप्रसाद, विजेंद्र प्रसाद ममगाईं, डॉ. राजदीप डिमरी, प्रेम विंजोला, कुठारी, विशाल गुप्ता, रावत तथा पार्षद अनीता गोयल ने अपने विचार साझा किए।
कार्यक्रम में विशेष रूप से उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों में देवी प्रसाद ममगाईं, दिनेश प्रसाद भट्ट, मुकेश पंत, धीरज मैठाणी सहित अनेक विद्वान एवं समाजसेवी शामिल रहे। कार्यक्रम का संचालन महासचिव आचार्य कृष्णानंद नौडियाल ने किया।
इस अवसर पर उत्तराखंड पुरोहित समाज की कार्यकारिणी समिति के सभी पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे। कार्यकारिणी में उपाध्यक्ष आचार्य सुभाष डिमरी, सचिव आचार्य कृष्णानंद नौडियाल, सह सचिव आचार्य इंद्रमणि पंत, कोषाध्यक्ष आचार्य गोपाल काला, सह कोषाध्यक्ष आचार्य राजेश द्विवेदी, प्रवक्ता आचार्य दीपेंद्र नौडियाल, सह प्रवक्ता आचार्य वीरेन्द्र बडथ्वाल, मीडिया प्रभारी आचार्य अनूप कोठियाल, सलाहकार आचार्य माधवानंद नौडियाल, लेखाकार आचार्य राकेश गौड़ एवं संगठन मंत्री आचार्य सुबोध सेमवाल प्रमुख रूप से शामिल रहे।
स्थापना दिवस के अवसर पर समाज की एकता, परंपराओं के संरक्षण एवं भावी योजनाओं पर भी विचार-विमर्श किया गया। समाज की ओर से सभी सदस्यों, गणमान्य नागरिकों एवं श्रद्धालुओं से कार्यक्रम में सहभागिता कर आयोजन को सफल बनाने की अपील की गई।
