कार्मिकों को एसीपी, एमएसीपी और वेतन निर्धारण के नियमों की दी जानकारी
पौड़ी में तीन दिवसीय कार्यशाला के दूसरे दिन पदोन्नति, चयन वेतनमान और सेवा नियमों पर हुआ प्रशिक्षण
पौड़ी। विकास भवन सभागार में डॉ. रघुनंदन सिंह टोलिया प्रशासनिक अकादमी, नैनीताल के सहयोग से आयोजित तीन दिवसीय प्रशासनिक प्रशिक्षण कार्यशाला के दूसरे दिन बुधवार को अधिकारियों और कर्मचारियों को पदोन्नति, चयन वेतनमान, वेतन निर्धारण, समयमान वेतनमान, एसीपी और एमएसीपी सहित विभिन्न सेवा संबंधी नियमों की जानकारी दी गई। प्रशिक्षण के दौरान कार्मिकों को वित्तीय एवं सेवा संबंधी प्रकरणों के नियमानुसार निस्तारण की प्रक्रिया भी समझाई गई।

परियोजना निदेशक, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण (डीआरडीए) विवेक कुमार उपाध्याय ने कहा कि प्रशासनिक कार्यों के सुचारु संचालन और सेवा संबंधी मामलों के सही निस्तारण के लिए प्रशिक्षण महत्वपूर्ण है। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से प्रशिक्षण में दी जा रही जानकारी को गंभीरता से समझने और नियमों का व्यावहारिक ज्ञान हासिल करने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी भी विषय में कठिनाई या शंका होने पर प्रशिक्षकों से सवाल पूछकर उसका समाधान प्राप्त करें। इससे कार्य निष्पादन में आसानी होगी और विभागीय कार्यप्रणाली अधिक प्रभावी बनेगी।
मुख्य कोषाधिकारी नमिता सिंह ने कहा कि पदोन्नति, वेतन निर्धारण, एसीपी, एमएसीपी, आईएफएमएस और अवकाश संबंधी नियमों का सीधा संबंध कार्मिकों के मनोबल और विभागीय कार्यक्षमता से है। उन्होंने वित्तीय एवं सेवा संबंधी मामलों का निस्तारण आईएफएमएस पोर्टल के माध्यम से पारदर्शिता और समयबद्धता के साथ करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि नियमों की सही जानकारी होने से विभागीय कार्यों में आने वाली समस्याओं को दूर करने और कर्मचारियों के हितों का संरक्षण करने में मदद मिलती है।
सहायक कोषाधिकारी आशीष गोस्वामी ने चयन वेतनमान, समयमान वेतनमान और एसीपी की व्यवस्था के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि निर्धारित शर्तों के अनुसार नियमित सेवा अवधि पूरी करने पर पात्र कार्मिकों को वित्तीय लाभ अनुमन्य होते हैं। इसके लिए निर्धारित सेवा अवधि, वार्षिक गोपनीय प्रविष्टियों और अन्य पात्रता शर्तों का पालन आवश्यक है। उन्होंने वेतनमान से संबंधित शासनादेशों और वित्तीय लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया की जानकारी भी दी।
कार्यशाला में एटीआई नैनीताल के अपर कार्यक्रम निदेशक अनूप बमोला, अधिशासी अधिकारी सतपुली पूनम, नाजिर तहसील पौड़ी सुबोध भट्ट, चौबट्टाखाल के मनीष रावत, सतपुली की निर्मला रावत, कोटद्वार के अशोक चौहान, हबीबुर्रहमान, सहायक लेखाकार रजत रावत, अमित नेगी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।

