पौड़ी में तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का शुभारंभ, जिलाधिकारी ने सुशासन व पारदर्शिता पर दिया जोर
पौड़ी। जनपद पौड़ी के विकास भवन सभागार में जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया द्वारा दीप प्रज्ज्वलन कर तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का विधिवत शुभारंभ किया गया। डॉ. रघुनंदन सिंह टोलिया प्रशासनिक अकादमी, नैनीताल के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य सरकारी अधिकारियों एवं कर्मचारियों की कार्यक्षमता, दक्षता और व्यावसायिक कौशल में वृद्धि करना है।

कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर परियोजना प्रबंधक स्वजल दीपक रावत ने उपस्थित अतिथियों का स्वागत किया और इसे प्रशासनिक सुधारों की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताया। कार्यशाला के प्रथम दिवस सूचना का अधिकार विषय पर प्रशिक्षण दिया गया।
जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने प्रशिक्षण कार्यशाला के आयोजन हेतु एटीआई नैनीताल का आभार व्यक्त करते हुए प्रशिक्षण की गुणवत्ता और कार्मिकों की शत-प्रतिशत भागीदारी पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि सीखने की प्रक्रिया को प्रभावी और संवादमूलक बनाने के लिए प्रतिभागियों को खुली परिचर्चा और फीडबैक के माध्यम से सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रशासनिक नियमों और प्रक्रियाओं की गहन समझ सुशासन की आधारशिला है, जिससे सरकारी कार्यों में पारदर्शिता और जनहित सुनिश्चित किया जा सकता है।
उन्होंने पदोन्नति, चयन, वेतनमान, एसीपी एवं वेतन निर्धारण जैसे विषयों की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि ये केवल औपचारिक प्रक्रियाएं नहीं, बल्कि कर्मचारियों के मनोबल और विभागीय दक्षता से जुड़े महत्वपूर्ण पहलू हैं। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सभी वित्तीय एवं सेवा संबंधी प्रकरणों का निस्तारण आईएफएमएस पोर्टल के माध्यम से पूर्ण पारदर्शिता और समयबद्धता के साथ किया जाए।
सूचना के अधिकार विषय पर बोलते हुए जिलाधिकारी ने इसे सुशासन का मूल आधार बताते हुए सभी लोक सूचना अधिकारियों को अधिनियम के प्रावधानों का गहन अध्ययन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिकारी आमजन और शासन के बीच सेतु होते हैं, जिनकी नैतिक जिम्मेदारी है कि वे जनता तक सही और समय पर सूचना पहुंचाएं। उन्होंने सत्यनिष्ठा, सजगता और पारदर्शिता के साथ कार्य करने का आह्वान किया।
कार्यशाला के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए अकादमी के अपर कार्यक्रम निदेशक अनूप बमोला ने आगामी तीन दिनों की कार्ययोजना साझा की। उन्होंने बताया कि अकादमी प्रत्येक जिले में अधिकतम पहुंच सुनिश्चित करने के लक्ष्य के साथ कार्य कर रही है, ताकि ग्राउंड लेवल पर कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों को उनके कार्य से संबंधित उपयोगी प्रशिक्षण मिल सके। प्रशिक्षण को संवादात्मक रखा गया है, जिससे व्यावहारिक समस्याओं का समाधान मौके पर ही किया जा सके।
इस अवसर पर विषय विशेषज्ञ आरटीआई राजेश देवली, पीडी विवेक उपाध्याय, डीएसटीओ राम सलोने, अपर पशु चिकित्साधिकारी नंदन सिंह आगरी, डीपीआरओ जितेंद्र कुमार, एआरटीओ एन. के. ओझा, एडीपीआरओ प्रदीप सुंदरियाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
सूचना एवं लोक संपर्क विभाग, पौड़ी गढ़वाल
