राहु मंदिर बनेगा अंतरराष्ट्रीय धार्मिक पर्यटन केंद्र, जिलाधिकारी ने विकास कार्यों का किया स्थलीय निरीक्षण
पौड़ी गढ़वाल। राहु मंदिर को अंतरराष्ट्रीय धार्मिक एवं पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में प्रशासन ने तेज़ी से कदम बढ़ा दिए हैं। जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने सोमवार को राहु मंदिर परिसर में चल रहे निर्माण एवं विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण कर प्रगति, गुणवत्ता और व्यवस्थाओं का गहन जायज़ा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा और गुणवत्ता मानकों के अनुरूप पूर्ण करने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने बताया कि पूर्व निरीक्षण के क्रम में राहु मंदिर के समग्र जीर्णोद्धार एवं विकास के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कराई गई थी, जिसे प्राथमिकता के आधार पर स्वीकृति प्रदान की गई। इसके बाद सभी हितधारकों के साथ समन्वय बैठक कर मंदिर के स्वरूप, सुविधाओं और विकास की दिशा तय की गई। मंदिर को विश्वस्तरीय धार्मिक पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने के उद्देश्य से अभियंताओं द्वारा चरणबद्ध तकनीकी निरीक्षण और आकलन किया गया, जिसके उपरांत आवश्यक धनराशि स्वीकृत कर कार्य प्रारंभ किए गए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पुजारियों से संवाद कर उनकी आवासीय सुविधा, श्रद्धालुओं के लिए प्रस्तावित धर्मशाला, विद्युत एवं पेयजल व्यवस्था का जायज़ा लिया और आवश्यक सुधार कार्य समयबद्ध रूप से पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने मंदिर परिसर के अन्य कक्षों को भी पारंपरिक पहाड़ी स्थापत्य शैली में विकसित करने पर विशेष जोर दिया।
उन्होंने कहा कि मंदिर परिसर में विशाल प्रांगण और आकर्षक परिक्रमा पथ का निर्माण किया जा रहा है, जिससे श्रद्धालुओं को बेहतर दर्शन एवं आध्यात्मिक अनुभूति प्राप्त होगी। श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए वेटिंग रूम, प्रसाधन गृह, शू रैक, बैठने की व्यवस्था सहित अनेक आधुनिक सुविधाएं विकसित की जा रही हैं।
जिलाधिकारी ने सड़क से मंदिर तक के संपर्क मार्ग को चौड़ा एवं सुदृढ़ करने, मुख्य सड़क पर निर्माणाधीन प्रवेश द्वार को भव्य पहाड़ी शैली में विकसित करने तथा मंदिर तक जाने वाली सीढ़ियों को चौड़ा, सुरक्षित और आकर्षक बनाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उपयुक्त पार्किंग स्थल के चिन्हांकन और संपूर्ण परिसर में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था हेतु हाईमास्ट लाइट लगाने के निर्देश भी दिए गए।
उन्होंने निर्माणाधीन घाट का निरीक्षण करते हुए राहु शिला तक रेलिंग सहित सुरक्षित प्लेटफॉर्म और पुल निर्माण के निर्देश दिए, ताकि श्रद्धालु सुरक्षित रूप से पूजा-अर्चना कर सकें। साथ ही पुल के नीचे नियमित सफाई सुनिश्चित करने पर भी बल दिया गया। जिलाधिकारी ने स्थानीय नागरिकों से संवाद कर नदी में कूड़ा न डालने और स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण को सामूहिक दायित्व के रूप में अपनाने का आह्वान किया।
मंदिर समिति अध्यक्ष विनोद सिंह रावत ने मंदिर परिसर में हो रहे विकास एवं सौंदर्यीकरण कार्यों की सराहना की। वहीं ग्रामीण निर्माण निगम के अधिशासी अभियंता सुनील जोशी ने स्वीकृत योजना के अनुरूप कार्य प्रगति की जानकारी दी।
निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सदस्य डॉ. शिवचरण नौडियाल, संयुक्त मजिस्ट्रेट दीक्षित जोशी, जिला पर्यटन विकास अधिकारी खुशाल सिंह नेगी सहित अन्य अधिकारी, कर्मचारी एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
