सहस्त्रधारा क्षेत्र में बादल फटने से तबाही, मजाडा में तीन लोग मलबे में दबे
*स्वाभिमान मोर्चा के महासचिव मोहित डिमरी ने किया आपदा प्रभावित गांवों का दौरा*
देहरादून। सहस्त्रधारा क्षेत्र में बादल फटने से मजाडा, कालीगाड़, सेरा सहित कई गांवों में भारी तबाही मची है। स्थिति का जायजा लेने पहुंचे उत्तराखंड स्वाभिमान मोर्चा के महासचिव मोहित डिमरी ने प्रभावित क्षेत्रों का पैदल दौरा किया और आपदा प्रभावित परिवारों से मुलाकात की।

उन्होंने बताया कि मजाडा गांव में तीन लोग अब भी मलबे के नीचे दबे हुए हैं, जिनकी तलाश जारी है। क्षेत्र में बिजली आपूर्ति पूरी तरह बाधित है, सड़कों के क्षतिग्रस्त होने से यातायात ठप हो गया है। खेत-खलिहान तबाह होने से ग्रामीणों की आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है, वहीं स्थानीय व्यवसाय पूरी तरह ठप हो गए हैं। लोग भोजन, पानी और आश्रय की गंभीर समस्या से जूझ रहे हैं।
डिमरी ने सरकार से तुरंत नुकसान का सटीक आकलन कराने, लापता लोगों की खोजबीन तेज करने और बचाव कार्यों को प्राथमिकता देने की मांग की। साथ ही उन्होंने कहा कि क्षतिग्रस्त सड़कों की आपातकालीन मरम्मत कर मार्ग खोले जाएं तथा बिजली और पानी की आपूर्ति जल्द से जल्द बहाल की जाए।

उन्होंने विशेष रूप से उन परिवारों के लिए अस्थायी आश्रय, भोजन और चिकित्सा सुविधाओं की तत्काल व्यवस्था सुनिश्चित करने की अपील की, जिनके घर मलबे में दबकर पूरी तरह ध्वस्त हो गए हैं।
