अंकिता को न्याय दिलाने के लिए उत्तराखंड बंद की तैयारी, सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग
देहरादून। अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर मूल निवास भू-कानून संघर्ष समिति के संस्थापक संयोजक मोहित डिमरी ने प्रदेशव्यापी आंदोलन तेज करने की अपील की है। उन्होंने सम्पूर्ण उत्तराखंड बंद का आह्वान करने के लिए कांग्रेस, उत्तराखंड क्रांति दल समेत सभी राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों की सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि अंकिता को न्याय दिलाने, दुष्यंत गौतम को सिक्किम के राज्यपाल पद से हटाने और कथित वीआईपी की भूमिका की निष्पक्ष सीबीआई जांच की मांग को लेकर अब निर्णायक लड़ाई लड़ने का समय आ गया है।

मोहित डिमरी ने कहा कि अंकिता भंडारी प्रकरण प्रदेश के जनभावनाओं से जुड़े गंभीर मुद्दों में से एक है। इस लड़ाई को प्रभावी बनाने के लिए राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर सभी दलों, सामाजिक संगठनों, छात्र संगठनों, महिला संगठनों और न्यायप्रिय लोगों को एक मंच पर आना होगा। उन्होंने कांग्रेस और उत्तराखंड क्रांति दल से विशेष रूप से पहल करते हुए जल्द सर्वदलीय बैठक बुलाने और आंदोलन की ठोस रणनीति तैयार करने की अपील की।
उन्होंने कहा कि इससे पहले भी दो बार उत्तराखंड बंद का आह्वान किया गया था, जिसे व्यापक समर्थन मिला। अब आंदोलन को और व्यापक, संगठित और प्रभावी बनाने की जरूरत है, ताकि अंकिता को न्याय दिलाने की मांग निर्णायक रूप से उठाई जा सके।
डिमरी ने कहा कि यह लड़ाई केवल अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने तक सीमित नहीं है, बल्कि उत्तराखंड की अस्मिता और स्वाभिमान से भी जुड़ी है। जब सिक्किम में इस प्रकरण को लेकर एकजुटता दिखाई जा रही है और बंद का आह्वान किया जा रहा है, तो उत्तराखंड में भी व्यापक स्तर पर एकजुट होकर आवाज उठाई जानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि अंकिता को न्याय दिलाने की जिम्मेदारी पूरे प्रदेश की है। सभी राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों को मिलकर ऐसी रणनीति बनानी चाहिए, जिससे न्याय की मांग मजबूत हो और मामले में जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही सुनिश्चित की जा सके।

