हिंसक वन्यजीवों के बढ़ते हमलों पर सरकार से ठोस नीति बनाने की मांग
यूकेडी नेता डॉ. शक्तिशैल कपरवाण बोले— ग्रामीणों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता हो
यमकेश्वर/पौड़ी। उत्तराखंड क्रांति दल (यूकेडी) के संरक्षक डॉ. शक्तिशैल कपरवाण ने पहाड़ी क्षेत्रों में गुलदार सहित हिंसक वन्यजीवों के बढ़ते हमलों को लेकर राज्य सरकार पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि लगातार हो रहे हमलों के बावजूद प्रभावी कदम नहीं उठाए जा रहे हैं, जिससे ग्रामीणों में भय का माहौल बना हुआ है।
डॉ. कपरवाण ने हाल ही में यमकेश्वर क्षेत्र के देवराणा गांव में एक महिला पर हुए गुलदार के हमले का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश के कई पर्वतीय क्षेत्रों में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग लगातार हिंसक वन्यजीवों के निशाने पर हैं। उनका दावा है कि अब तक कई लोग अपनी जान गंवा चुके हैं और अनेक घायल हुए हैं।

उन्होंने सरकार से मांग की कि मानव-वन्यजीव संघर्ष को रोकने के लिए प्रभावी एवं दीर्घकालिक नीति बनाई जाए। साथ ही वन विभाग की गश्त बढ़ाने, संवेदनशील क्षेत्रों में त्वरित कार्रवाई करने तथा ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ठोस उपाय किए जाएं।
डॉ. कपरवाण ने कहा कि यदि सरकार समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाती है तो पहाड़ों से पलायन और तेज हो सकता है। उन्होंने ग्रामीणों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की आवश्यकता पर जोर देते हुए सरकार से शीघ्र निर्णय लेने की मांग की।
