यमकेश्वर में गुलदार के हमले से महिला घायल, दरांती से वार कर बचाई जान
यमकेश्वर/पौड़ी। पहाड़ों में वन्यजीवों के हमलों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। यमकेश्वर क्षेत्र के ग्राम जामल में सोमवार दोपहर जंगल में गाय चराने गई महिला पर बाघ ने हमला कर दिया। महिला ने साहस और सूझबूझ का परिचय देते हुए हाथ में मौजूद दरांती से बाघ पर वार किया, जिसके बाद वह मौके से भाग गया। हालांकि हमले में महिला के पैर पर पंजे लगने से वह घायल हो गईं।

जानकारी के अनुसार ग्राम जामल निवासी पिंकी देवी, पत्नी मेहरबान सिंह चौहान, सोमवार दोपहर करीब 2:30 बजे गाय चराने के लिए जंगल गई थीं। इसी दौरान अचानक बाघ ने उन पर झपट्टा मार दिया। पिंकी देवी ने हिम्मत दिखाते हुए दरांती से बाघ पर वार किया, जिससे बाघ वहां से भाग गया। हमले में उनके पैर में चोट आई।
घटना के बाद पिंकी देवी को तत्काल राजकीय चिकित्सालय यमकेश्वर ले जाया गया, जहां उनका उपचार किया गया। उपचार के बाद उन्हें उनके गांव जामल पहुंचाया गया।
घटना की सूचना मिलने पर उत्तराखंड क्रांति दल के केंद्रीय प्रचार मंत्री ऋषि शर्मा एवं राहुल रावत अस्पताल पहुंचे और घायल महिला का हालचाल जाना। उन्होंने ग्रामीणों से भी घटना की जानकारी ली। ग्रामीणों ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से क्षेत्र में बाघ लगातार दिखाई दे रहा है, जिससे लोगों में भय का माहौल बना हुआ है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए ऋषि शर्मा ने वन विभाग के अधिकारियों से फोन पर वार्ता कर क्षेत्र में आवश्यक कार्रवाई करने तथा ग्रामीणों की सुरक्षा के लिए प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की।
ग्रामीणों ने वन विभाग से क्षेत्र में तत्काल गश्त बढ़ाने, वन्यजीव की लगातार मौजूदगी पर निगरानी रखने तथा ग्रामीणों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की है।
